Playing via Spotify Playing via YouTube
Skip to YouTube video

Loading player…

Scrobble from Spotify?

Connect your Spotify account to your Last.fm account and scrobble everything you listen to, from any Spotify app on any device or platform.

Connect to Spotify

Dismiss

A new version of Last.fm is available, to keep everything running smoothly, please reload the site.

Chandrashekhara Ashtakam - Lyrics

चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर पाहिमाम्
चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर रक्षमाम्

रत्नसानुशरासनं रजतादिशृङ्गनिकेतनं
सिञ्जिनीकृतपन्नगेश्वरमच्युताननसायकम्
क्षिप्रदघपुरत्रयं त्रिदिवालयैभिवन्दितं
चन्द्रशेखरमाश्रये मम किं करिष्यति वै यमः

चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर पाहिमाम्
चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर रक्षमाम्

पञ्चपादपपुष्पगन्धपदाम्बुजदूयशोभितं
भाललोचनजातपावकदग्धमन्मथविग्रहम्
भस्मदिग्धकलेवरं भवनाशनं भवमव्ययं
चन्द्रशेखरमाश्रये मम किं करिष्यति वै यमः

चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर पाहिमाम्
चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर रक्षमाम्

मत्त्वारणमुख्यचर्मकृतोत्तरीमनोहरं
पङ्कजासनपद्मलोचनपुजिताङ्घ्रिसरोरुहम्
देवसिन्धुतरङ्गसीकर सिक्तशुभ्रजटाधरं
चन्द्रशेखरमाश्रये मम किं करिष्यति वै यमः

चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर पाहिमाम्
चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर रक्षमाम्

यक्षराजसखं भगाक्षहरं भुजङ्गविभूषणं
शैलराजसुता परिष्कृत चारुवामकलेवरम्
क्ष्वेडनीलगलं परश्वधधारिणं मृगधारिणं
चन्द्रशेखरमाश्रये मम किं करिष्यति वै यमः

चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर पाहिमाम्
चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर रक्षमाम्

कुण्डलीकृतकुण्डलेश्वरकुण्डलं वृषवाहनं
नारदादिमुनीश्वरस्तुतवैभवं भुवनेश्वरम् ।
अन्धकान्धकामा श्रितामरपादपं शमनान्तकं
चन्द्रशेखरमाश्रये मम किं करिष्यति वै यमः

चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर पाहिमाम्
चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर रक्षमाम्

भेषजं भवरोगिणामखिलापदामपहारिणं
दक्षयज्ञर्विनाशनं त्रिगुणात्मकं त्रिविलोचनम्
भुक्तिमुक्तिफलप्रदं सकलाघसङ्घनिवर्हनं
चन्द्रशेखरमाश्रये मम किं करिष्यति वै यमः

चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर पाहिमाम्
चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर रक्षमाम्

भक्त वत्सलमचिञ्तं निधिमक्षयं हरिदम्वरं
सर्वभूतपतिं परात्पर प्रमेयमनुत्तमम्
सोमवारिज भूहुताशनसोमपानिलखाकृतिं
चन्द्रशेखरमाश्रये मम किं करिष्यति वै यमः

चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर पाहिमाम्
चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर रक्षमाम्

विश्वसृष्टिविधालिनं पुनरेव पालनतत्परं
संहरन्तमपि प्रपञ्चम शेषलोकनिवासिनम्
क्रिडयन्तमहर्निशं गणनाथयूथ समन्वितं
चन्द्रशेखरमाश्रये मम किं करिष्यति वै यमः

चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर पाहिमाम्
चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर चन्द्रशेखर रक्षमाम्

Don't want to see ads? Subscribe now

API Calls